गुरु सेवा संघ परिवार ने भक्तिभाव से की सामूहिक धूप आराधना, सभी सदस्यों में छाई खुशी, भक्तामर पाठ से गूंजा जिनालय
गुरु सेवा संघ परिवार ने भक्तिभाव से की सामूहिक धूप आराधना, सभी सदस्यों में छाई खुशी, भक्तामर पाठ से गूंजा जिनालय

11 वर्षों बाद श्री पारसनाथ दिगम्बर जैन मंदिर सिंगोली में पुनः जगा सुगंध दशमी पर धूप खेने का पुण्य अवसर
गुरु सेवा संघ परिवार ने भक्तिभाव से की सामूहिक धूप आराधना, सभी सदस्यों में छाई खुशी, भक्तामर पाठ से गूंजा जिनालय
सिंगोली। (संवाददाता मुकेश कुमार जैन)। पर्युषण पर्व के पावन अवसर पर सुगंध दशमी के दिन श्री पारसनाथ दिगम्बर जैन मंदिर, सिंगोली में 11 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद पुनः धूप खेने का पुण्य अवसर प्राप्त हुआ। इस मंगलमय अवसर की प्रतीक्षा जैन समाज सिंगोली लंबे समय से कर रहा था। आज वह शुभ घड़ी आने पर समाजजनों में अपार श्रद्धा, भक्ति और आनंद का वातावरण दिखाई दिया।
इस पावन अवसर पर गुरु सेवा संघ परिवार, सिंगोली के सभी सदस्य अत्यंत खुश एवं प्रसन्न मुद्रा में नजर आए। परिवार के सदस्यों ने पूरे उत्साह, श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ सामूहिक रूप से भगवान के समक्ष धूप अर्पित कर धर्मलाभ प्राप्त किया। 11 वर्षों बाद पुनः इस पुण्य आराधना में सहभागी बनने की खुशी सभी के चेहरों पर झलक रही थी।
जिनालय में सामूहिक भक्तामर स्तोत्र का पाठ भी श्रद्धा एवं भक्ति के साथ किया गया, जिससे संपूर्ण मंदिर परिसर भक्तिमय वातावरण से गुंजायमान हो उठा। सामूहिक धूप आराधना और भक्तामर पाठ के माध्यम से श्रद्धालुओं ने भगवान के प्रति अपनी आस्था एवं समर्पण व्यक्त किया।
11 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद सुगंध दशमी पर धूप खेने का यह अवसर सिंगोली जैन समाज के लिए विशेष आध्यात्मिक महत्व लेकर आया। लंबे समय से जिस पुण्य घड़ी की प्रतीक्षा थी, वह आज साकार हुई। श्रद्धालुओं ने भगवान की आराधना कर आत्मशुद्धि, धर्मश्रद्धा एवं आध्यात्मिक उन्नति की मंगल भावना व्यक्त की।
सुगंध दशमी का यह पावन पर्व गुरु सेवा संघ परिवार एवं सिंगोली जैन समाज के लिए अविस्मरणीय बन गया। सामूहिक आराधना, भक्तामर पाठ और धूप अर्पण के साथ खुशियों एवं भक्ति से परिपूर्ण यह आयोजन सभी के लिए विशेष स्मरणीय रहा।
🌸 धर्म की जय हो! जिनशासन की जय हो! 🙏
🪷 जैनम् जयतु शासनम्। वन्दे विद्यासागरम्। 🙏




