राष्ट्रीय विद्वत् संगोष्ठी में ‘आगम अनुयोग’ पर होगा गहन मंथन
राष्ट्रीय विद्वत् संगोष्ठी में ‘आगम अनुयोग’ पर होगा गहन मंथन
राष्ट्रीय विद्वत् संगोष्ठी में ‘आगम अनुयोग’ पर होगा गहन मंथन
बड़ौत (उत्तर प्रदेश)।(संवाददाता मुकेश कुमार जैन )आचार्य श्री आर्जवसागर जी महामुनिराज ससंघ के पावन सान्निध्य में आगामी 12 एवं 13 सितम्बर 2026 को चातुर्मास स्थल, बड़ौत में “आगम अनुयोग” ग्रन्थ पर आधारित आध्यात्मिक राष्ट्रीय विद्वत् संगोष्ठी का आयोजन किया जाएगा। यह आयोजन S.A. University, नवादा (बिहार) के तत्वावधान में आयोजित होगा।
संगोष्ठी में “आगम अनुयोग” ग्रन्थ में निहित आध्यात्मिक, दार्शनिक एवं आगमिक विषयों पर देशभर से आने वाले विद्वानों, अध्येताओं एवं धर्मप्रेमी बंधुओं द्वारा गहन अध्ययन, मंथन एवं विचार-विमर्श किया जाएगा।
आयोजकों के अनुसार यह संगोष्ठी धर्म, दर्शन एवं आगम के क्षेत्र में महत्वपूर्ण अवसर होगी, जिसमें विद्वान विभिन्न विषयों पर अपने विचार प्रस्तुत करेंगे तथा आगमिक ज्ञान की व्यापकता एवं आध्यात्मिक प्रासंगिकता पर चर्चा करेंगे।
12 एवं 13 सितम्बर को आयोजित होने वाले इस राष्ट्रीय आयोजन में देशभर के विद्वानों एवं धर्मप्रेमियों को सादर आमंत्रित किया गया है। आयोजन के माध्यम से श्रद्धालुओं एवं अध्येताओं को आगमिक ज्ञान से जुड़ने और आध्यात्मिक चिंतन को गहराई से समझने का अवसर मिलेगा।
स्थान: चातुर्मास स्थल, बड़ौत (उत्तर प्रदेश)
दिनांक: 12 एवं 13 सितम्बर 2026, शनिवार एवं रविवार.आयोजकों ने सभी धर्मप्रेमी बंधुओं से इस ऐतिहासिक आध्यात्मिक एवं विद्वत् आयोजन में सहभागी बनकर धर्मलाभ लेने का आह्वान किया है।





