गन्ने से पेट्रोल सस्ता होने का दावा था, अब चीनी भी 60 रुपये किलो पहुंची – वरुण चटर्जी
भगवा पार्टी के जिला महामंत्री ने महंगाई को लेकर सरकार पर कसा तंज, कहा- आम आदमी की रसोई पर सीधा असर


रिपोर्टर :- जियाउद्दीन अंसारी
संभागीय ब्यूरो चीफ शहडोल(म. प्र.)
जन सरोवर प्राइम पत्रिका
अनूपपुर। महंगाई के मुद्दे पर भगवा पार्टी के जिला महामंत्री वरुण चटर्जी ने सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि सरकार ने दावा किया था कि गन्ने से एथेनॉल मिलाकर पेट्रोल सस्ता किया जाएगा, लेकिन हकीकत में पेट्रोल के दाम कम नहीं हुए और अब रोजमर्रा की जरूरत की चीनी भी आम आदमी की पहुंच से दूर होती जा रही है।
वरुण चटर्जी ने गुरुवार को जारी बयान में कहा, “कहा जाता था कि गन्ना पेट्रोल में मिलेगा तो पेट्रोल सस्ता होगा। हालत यह है कि पेट्रोल तो सस्ता हुआ नहीं, अब तो चीनी भी 60 रुपये किलो हो गई है।”
उन्होंने कहा कि लगातार बढ़ रही महंगाई का सीधा असर आम परिवारों के घरेलू बजट पर पड़ रहा है। पेट्रोल-डीजल, रसोई गैस के साथ-साथ खाद्य सामग्री और दैनिक उपयोग की वस्तुओं की कीमतें बढ़ने से मध्यमवर्गीय और गरीब परिवारों पर आर्थिक दबाव बढ़ गया है।
जिला महामंत्री ने कहा कि सरकार महंगाई नियंत्रित करने के दावे तो करती है, लेकिन बाजार में उपभोक्ताओं को कोई राहत नहीं मिल रही है। महंगाई सिर्फ आंकड़ों का विषय नहीं है, यह आम आदमी की रसोई से जुड़ा सवाल है। जब चीनी, तेल, दाल जैसी बुनियादी चीजों के दाम बढ़ते हैं तो सबसे ज्यादा मार सीमित आय वाले परिवारों पर पड़ती है।
उन्होंने सरकार से मांग की है कि आवश्यक वस्तुओं की कीमतों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए ठोस और जमीनी कदम उठाए जाएं, ताकि आम जनता को बढ़ती महंगाई से राहत मिल सके।




